लुधियाना में लू का असर कम करेगी सरकार: ₹5 करोड़ से बनेंगी ठंडी-हरी छतें; देश भर के 12 शहरों में चुना; पंजाब-चंडीगढ़ में मानसून इसी महीने – Mohali News
लुधियाना शहर में लू से निजात दिलाने के लिए नया प्रोजेक्ट शुरू किया जा रहा है। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन अफेयर्स (NIUA) ने लू के बढ़ते प्रभाव को कम करने के पायलट प्रोजेक्ट में चुने 12 शहरों में पंजाब से लुधियाना को भी चुना है। इसके लिए लुधियाना नगर नि
.
इसके अलावा अतिरिक्त पेयजल (हाइड्रेशन) केंद्र और सार्वजनिक शौचालय स्थापित करने तथा मौसम निगरानी प्रणाली को डेवलप कर सकेंगे। वहीं छायादार शेड भी बनाए जाएंगे। नगर निगम कमिश्नर ओजस्वी अलंकार ने पुष्टि करते हुए कहा कि इस परियोजना का उद्देश्य ‘हीट रेजिलिएंट सिटीज’ में बढ़ते तापमान के प्रभाव को कम करना है।
इन शहरों में आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की तुलना में तापमान काफी अधिक दर्ज किया गया है। यह प्रोजेक्ट 15 महीने में लागू किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट का विशेष फोकस उन लोगों को गर्मी से राहत देना होगा, जो कूलर या AC जैसी सुविधाएं वहन नहीं कर सकते।
जानिए, पंजाब-चंडीगढ़ में कब आएगा मानसून
पंजाब में इसी महीने के अंत में मानसून की एंट्री हो सकती है। मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक जून के आखिरी हफ्ते यानी 25 से 30 जून के बीच कभी भी मानसून की एंट्री हो सकती है। बड़े शहरों में मानसून पहले अमृतसर और आखिर में बठिंडा पहुंचेगा।
वहीं चंडीगढ़ में 27 से 30 जून के बीच मानसून की एंट्री होगी। 28–29 जून के आसपास चंडीगढ़ में अच्छी मानसूनी बारिश शुरू हो सकती है। मौसम विज्ञान केंद्र ने आज भी गरज-चमक के साथ बारिश, बिजली गिरने और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है।

वहीं फिलहाल प्रदेश के टेंपरेचर में 3.6 डिग्री गिरावट आई है, जिससे यह नॉर्मल से 2.3 डिग्री नीचे पहुंच गया है। कल सबसे गर्म बठिंडा रहा, जिसका टेंपरेचर 38.6 डिग्री रहा। कल गर्मी की वजह से बिजली की मांग 16 हजार मेगावाट के करीब पहुंच गई थी।
आज यहां बारिश की संभावना मौसम विभाग के मुताबिक आज अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर, फिरोजपुर, फाजिल्का, फरीदकोट, श्री मुक्तसर साहिब, मोगा, बठिंडा, बरनाला और मानसा में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इसके साथ गरज-चमक, बिजली गिरने व तेज हवाएं चल सकती हैं। जबकि चंडीगढ़ में आकाश साफ रहेगा।

मौसम से जुड़े 2 बड़े असर:-
- बिजली की डिमांड 15,450 मेगावाट पहुंची: बिजली की डिमांड सोमवार को 15,450 मेगावाट पार कर गई। यह मांग शाम पौने पांच बजे दर्ज की गई। सवा छह बजे तक यह 15 हजार मेगावाट से ऊपर रही। वहीं पौने आठ बजे तक मांग 15,961 मेगावाट बनी रही। इस दौरान पंजाब ने करीब 4,800 मेगावाट बिजली पैदा की। जबकि करीब 10,200 मेगावाट बिजली केंद्र से ली गई।
- आधी की चपेट में आने से एक की मौत: सोमवार को अमृतसर में आंधी के कारण पेड़ गिरने से बच्चे की मौत हो गई। बच्चा जत्थे के साथ गोल्डन टेंपल में माथा टेकने आया था। यह जत्था रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार के बाहर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की मुफ्त बस सेवा का इंतजार कर रहा था। इसी दौरान वहां पुराना एक पेड़ अचानक गिर गया। बच्चे की पहचान राजप्रीत सिंह के रूप में हुई है। यह जत्था सिरसा से आया था।

आगे क्या: 26 जून तक मौसम बदलता रहेगा मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ के डायरेक्टर सुरेंद्र पाल के मुताबिक 26 जून तक राज्य में मौसम बदला रहेगा। कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। तेज हवाएं भी चलेंगी। अगले पांच दिनों में तापमान में किसी बड़े बदलाव के आसार नहीं हैं।

॰॰॰॰॰॰॰॰॰
यह खबर भी पढ़ें…
हिमाचल में मानसून से पहले अच्छी बारिश के आसार, 5 जिलों में अगले चार दिन आंधी-तूफान का अलर्ट

हिमाचल प्रदेश में मानसून की एंट्री से पहले मौसम विभाग (IMD) ने अच्छी बारिश का पूर्वानुमान जताया है। IMD के मुताबिक राज्य के अधिकांश भागों में अगले छह दिनों तक बारिश के आसार हैं। 26 जून तक चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला जिले में तेज बारिश के साथ आंधी-तूफान को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। पढ़ें पूरी खबर…

