13 साल पुराने लापता केस में बड़ा खुलासा: कनाडा में जिंदा मिली बेटी, हाईकोर्ट ने बलबीर सिंह को दी राहत – Ludhiana News

13 साल पुराने लापता केस में बड़ा खुलासा:  कनाडा में जिंदा मिली बेटी, हाईकोर्ट ने बलबीर सिंह को दी राहत – Ludhiana News




पंजाब के लुधियाना जिले के भट्टियां गांव से वर्ष 2013 में रहस्यमय ढंग से लापता हुई महिला और उसकी बेटी का मामला 13 साल बाद फिर चर्चा में है। इस मामले में जर्मनी निवासी 68 वर्षीय बलबीर सिंह को अपनी बेटी देविंदर कौर की कथित हत्या के आरोपों से पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने राहत दे दी है, क्योंकि पुलिस जांच में देविंदर कनाडा में जीवित मिली। 2013 में बलबीर आया था पिता का अंतिम संस्कर करवाने जनवरी 2013 में बलबीर सिंह अपने पिता के अंतिम संस्कार में शामिल होने भारत आया था। उस दौरान उसकी पहली पत्नी हरपाल कौर और 27 वर्षीय बेटी देविंदर कौर चार दिन के अंतराल में लापता हो गई थीं। देविंदर 25 जनवरी को लुधियाना बस स्टैंड से गायब हुई थी, जबकि हरपाल 29 जनवरी को लापता हुई। इसके बाद हरपाल के पिता और भाई ने बलबीर सिंह समेत चार लोगों पर हरपाल की हत्या कर शव नहर में फेंकने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज कराया था। 2025 में सबूत ना होने पर अदालत ने किया था बरी मामले की सुनवाई के दौरान हरपाल कौर का शव कभी बरामद नहीं हुआ और न ही हत्या का कोई प्रत्यक्षदर्शी सामने आया। जुलाई 2025 में अदालत ने पर्याप्त साक्ष्य न होने के आधार पर बलबीर सिंह को हरपाल की कथित हत्या के मामले में बरी कर दिया था। इसी बीच, 2024 में हरपाल के परिजनों ने यह आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया कि देविंदर कौर की भी हत्या कर दी गई है। हालांकि पुलिस जांच में सामने आया कि देविंदर 26 जनवरी 2013 को भारत छोड़कर विदेश चली गई थी और वर्तमान में कनाडा में रह रही है। पुलिस ने उसके पासपोर्ट, इमिग्रेशन रिकॉर्ड और वीडियो कॉल के माध्यम से उसकी पहचान की पुष्टि की। हाईकोर्ट ने 5 जून 2026 को सुनाया फैसला हाईकोर्ट ने 5 जून 2026 को अपना फैसला सुनाते हुए कहा कि देविंदर की हत्या का आरोप केवल याचिकाकर्ता की कल्पना पर आधारित प्रतीत होता है। वहीं बलबीर सिंह का कहना है कि उसने पिछले 13 वर्ष अपनी पत्नी और बेटी की हत्या के आरोपों का खंडन करते हुए बिताए हैं और उसे उम्मीद है कि एक दिन हरपाल कौर के बारे में भी सच्चाई सामने आएगी।



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