अबोहर में लापता नाबालिग के न मिलने पर लगाया जाम: एक माह से गायब है, पुलिस लापरवाही का आरोप, बोले- बेटी मिलने पर धरना हटेगा – Abohar News
फाजिल्का के अबोहर शहर के गोबिंद नगरी की एक नाबालिग लड़की के करीब सवा महीने से लापता होने के मामले में अबोहर पुलिस की ढीली कार्रवाई से नाराज परिजनों और भाजपा पार्षदों का गुस्सा आज फूट पड़ा। पुलिस की कार्यप्रणाली से नाराज होकर प्रदर्शनकारियों ने आज अबोहर के व्यस्त मलोट चौक पर चक्का जाम कर दिया। भीषण गर्मी के बावजूद प्रदर्शनकारियों ने पंजाब सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और ट्रैफिक पूरी तरह ठप कर दिया। आश्वासन के बाद भी नहीं पकड़े गए नामजद आरोपी प्रदर्शनकारियों ने बताया कि दो दिन पहले भी पीड़ित परिवार का एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस के उच्च अधिकारियों से मिला था। उस समय एसपी (SP) और डीएसपी (DSP) ने जल्द ही मामले में नामजद आरोपियों को गिरफ्तार करने और लापता लड़की को सकुशल बरामद करने का ठोस आश्वासन दिया था। लेकिन दो दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली रहे न तो आरोपियों की गिरफ्तारी हुई और न ही लड़की का कोई सुराग मिला। परिजनों ने पहले ही चेतावनी दी थी कि अगर दो दिन में कार्रवाई नहीं हुई, तो वे तीखा प्रदर्शन करेंगे। “थाने पहुंचे तो पुलिसकर्मियों ने कमरे के दरवाजे बंद किए और बाहर निकाला” पीड़ित परिवार ने पुलिस पर बेहद गंभीर और संवेदनहीन व्यवहार करने का आरोप लगाया है। परिजनों के अनुसार, आज सुबह जब वे पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई की अपडेट लेने थाने पहुंचे, तो वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने उनकी बात सुनने के बजाय कमरों के दरवाजे बंद कर दिए और उन्हें थाने से बाहर निकाल दिया। पुलिस के इस कथित अपमानजनक व्यवहार के बाद परिजनों का सब्र टूट गया और वे सीधे मलोट चौक पर धरने पर बैठ गए।
प्रदर्शन करारियों का कहना है कि पुलिस नाबालिग को ढूढने में लापरवाही कर रही है। प्रदर्शनकारियों का साफ कहना है— “जब तक हमारी बेटी को ढूंढकर नहीं लाया जाता, यह जाम और धरना समाप्त नहीं होगा।” चक्का
मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी, समझाने की कोशिशें नाकाम मलोट चौक पर चक्का जाम और भारी हंगामे की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी (SHO) मनिंदर सिंह भारी पुलिस बल के साथ प्रदर्शनकारियों को समझाने पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को शांत करने और जाम खोलने की अपील की, लेकिन गुस्साए परिजन और भाजपा नेता अपनी मांग पर अड़े रहे। समाचार लिखे जाने तक चौक पर धरना जारी था और यातायात पूरी तरह प्रभावित था।
Source link

