Home Bharat ममता की चुनावी रणनीति बनाने वाली I-PAC का ऑफिस बंद: चुनाव...

ममता की चुनावी रणनीति बनाने वाली I-PAC का ऑफिस बंद: चुनाव में 1 लाख एजेंट दिए; फर्म पर ED और CBI ने मनी लॉन्ड्रिंग केस किया

2
0
ममता की चुनावी रणनीति बनाने वाली I-PAC का ऑफिस बंद:  चुनाव में 1 लाख एजेंट दिए; फर्म पर ED और CBI ने मनी लॉन्ड्रिंग केस किया


44 मिनट पहलेलेखक: प्रदीप पांडेय

  • कॉपी लिंक

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस और सीएम ममता बनर्जी का चुनावी कैंपेन संभाल रही फर्म ‘आई-पैक’ का कोलकाता के विधाननगर स्थित दफ्तर दो दिन से बंद है। सूत्रों के अनुसार इसके एचआर ने 1300 कर्मियों को काम पर न आने का लेटर भेजा है।

यह सब ऐसे समय हुआ है जब पहले चरण का मतदान को 3 दिन बचे हैं। 23 अप्रैल को पहले चरण के तहत 152 सीटों पर वोटिंग होनी है। चुनाव प्रचार 21 को खत्म हो जाएगा। दूसरे चरण की वोटिंग 29 अप्रैल को है। रिजल्ट 4 मई को आएंगे।

दरअसल, तृणमूल की बूथ लेवल की गतिविधि से लेकर नेताओं की सभाएं, रैलियां, सब कुछ तय करने में I-PAC यानी इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी एक पॉलिटिकल कंसल्टेंसी कंपनी की अहम भूमिका निभा रही है। बंगाल में पार्टी के मौजूदा करीब 33% विधायकों के टिकट काटने के फैसले के पीछे भी इसी का सर्वे आधार था। इसने बंगाल के 93 हजार पोलिंग बूथों के लिए एक लाख शैडो एजेंट्स तैयार किए थे।

तृणमूल भले ही इसके बंद होने की खबरों को खारिज कर रही है, लेकिन मतदान से ठीक पहले संगठन और कार्यकर्ता असमंजस में आ गए हैं। हालांकि भास्कर के सवाल पर पार्टी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा- हम संसद में दूसरी बड़ी विपक्षी पार्टी हैं। 5 एजेंसियों के साथ काम कर रहे हैं। सभी ठीक हैं। पार्टी के एक अन्य नेता ने बताया कि टीएमसी संगठन 4 स्तर पर काम कर रहा है।

ऐसे समझें… तृणमूल के लिए आईपैक इतनी जरूरी क्यों

तस्वीर 8 जनवरी, 2026 की है, जब बंगाल CM ममता ने कोलकाता में ED की छापेमारी के बीच मीडिया को संबोधित किया था।

तस्वीर 8 जनवरी, 2026 की है, जब बंगाल CM ममता ने कोलकाता में ED की छापेमारी के बीच मीडिया को संबोधित किया था।

  • 2021 के चुनाव में ममता के लिए आईपैक ने रणनीति बनाई। उन्होंने फर्म को संगठन का काम दिया। प्रत्याशी चयन, बूथ लेवल मैनेजमेंट, भाषण, सोशल पोस्ट, पोस्टर, नारे सब कुछ आईपैक ही कर रही थी।
  • इस चुनाव में टीएमसी डेटा पर फोकस कर रही है। 2021 विस और 2024 लोकसभा चुनाव के बूथ स्तरीय आंकड़ों का विश्लेषण आईपैक ने ही किया।
  • हर सीट को 3 कैटेगरी में बांटा। मजबूत, कमजोर और लो वोट मार्जिन। 15 हजार तक मार्जिन की सीटें चुनीं।
  • टीम एसआईआर को भी ट्रैक कर रही है। पार्टी का मानना है कि वोटर लिस्ट से बड़ी संख्या में नाम हटने से गणित बिगड़ सकता है, इसलिए शैडो एजेंट्स लाए गए।
  • ये एजेंट्स नाम कटने वाले वोटरों तक पहुंचे। उनसे फार्म भरवाए, री-एंट्री करवाई। बीएलओ को ट्रैक करना, वोटर लिस्ट की गड़बड़ी पकड़ना, फील्ड से रियल टाइम इनपुट देना, ये काम शैडो एजेंट्स ही कर रहे थे।
  • हर सीट पर अलग वॉर रूम है, जहां 20 सदस्यीय टीम काम करती है। छोटी बैठकें अरेंज करती है।

टीएमसी की हाईकोर्ट में याचिका

इस बीच, टीएमसी ने आशंका जताई है कि उसके 800 नेताओं, कार्यकर्ताओं को केंद्रीय सुरक्षा बल एहतियातन गिरफ्तार कर सकते हैं। इसे लेकर पार्टी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर तुरंत सुनवाई की मांग की है। पार्टी को यह भी आशंका है कि केंद्रीय बल राज्य के पुलिस थानों को कब्जे में ले सकते हैं। उधर, I-PAC का मामला सुप्रीम कोर्ट में भी चल रही है।

I-PAC रेड मामला : 2,742 करोड़ का मनी लॉन्ड्रिंग केस

I-PAC यानी इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी एक पॉलिटिकल कंसल्टेंसी कंपनी है। यह राजनीतिक दलों के लिए बड़े स्तर पर चुनावी अभियानों का काम करती है। कंपनी और उसके डायरेक्टर प्रतीक जैन पर करोड़ों रुपए के कोयला चोरी घोटाले में मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है। CBI ने इस मामले में 27 नवंबर 2020 को FIR दर्ज की थी।

पूरा मामला ₹2,742 करोड़ के मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा है। आरोप है कि ₹20 करोड़ हवाला के जरिए I-PAC तक ट्रांसफर हुए। ED ने 28 नवंबर 2020 को इसकी जांच शुरू की थी। 8 जनवरी 2026 को ED ने कोलकाता में I-PAC और उसके डायरेक्टर प्रतीक जैन के घर और ऑफिस पर छापा मारा था।

—————————————–

ये खबर भी पढ़ें…

तमिलनाडु में ₹1,200 करोड़+ के कैश-गोल्ड और फ्रीबीज जब्त:PM मोदी पर आचार संहिता उल्लंघन का आरोप, चुनाव आयोग को 700 नागरिकों ने लेटर लिखा

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्यभर में 1,200 करोड़ रुपए से ज्यादा की नकदी, सोना-चांदी, फ्रीबीज, शराब और ड्रग्स जब्त किए हैं। इसमें ₹169.85 करोड़ कैश, ₹650.87 करोड़ के सोना-चांदी शामिल हैं। पूरी खबर पढ़ें…



Source link

    Previous articleI-PAC ने दीदी को 1 लाख एजेंट दिए, अब बंद: टीएमसी की रणनीति बना रही फर्म पर ईडी के शिकंजे से हड़कंप
    Next articleAssembly Elections 2026 Live Updates: Amit Shah Steps Up Campaign In Bengal With Four Public Meetings Today

    Leave a Reply