पंजाबी यूनिवर्सिटी स्कॉलरशिप घोटाला, ईडी ने शुरू की जांच: मुख्य आरोपी समेत 20 से अधिक संपत्तियों के रिकॉर्ड तलब, कई राडार पर – Patiala News
पंजाबी यूनिवर्सिटी, पटियाला में हुए करीब 14 करोड़ रुपये के यूजीसी स्कॉलरशिप घोटाले (UGC Scholarship Scam) में अब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। ईडी ने इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट, 2002 (PMLA) के तहत केस दर्ज कर लिया है। ज
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सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, ईडी ने सब-रजिस्ट्रार कार्यालय को एक आधिकारिक पत्र भेजकर निशु चौधरी और उसके सहयोगियों की संपत्तियों का पूरा ब्यौरा मांगा है। एजेंसी मुख्य रूप से इस बात की तफ्तीश कर रही है कि स्कॉलरशिप के फर्जीवाड़े से कमाए गए करोड़ों रुपये का इस्तेमाल किन-किन अचल संपत्तियों को खरीदने में किया गया और क्या इस अवैध काली कमाई को ठिकाने लगाकर सफेद (वैध) करने की कोशिश की गई थी।
यूनिवर्सिटी कमेटी की रिपोर्ट में हुआ था खुलासा
इससे पहले, पंजाबी यूनिवर्सिटी प्रशासन ने अपने स्तर पर इस मामले की जांच के लिए एक उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया था। इसी कमेटी की ऑडिट और जांच रिपोर्ट में करीब 14 करोड़ रुपये के इस बड़े घोटाले की बात सामने आई थी। विशेषज्ञों और अंदरूनी सूत्रों का मानना है कि आंतरिक जांच समिति की रिपोर्ट में केवल निशु चौधरी ही नहीं, बल्कि विश्वविद्यालय के कुछ अन्य वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों के नाम भी शामिल हैं।
मिलीभगत की आशंका, फंड फ्लो की जांच
अंदेशा जताया जा रहा है कि बिना विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत के इतने बड़े स्तर पर फर्जीवाड़ा मुमकिन नहीं था। ईडी अब बैंक खातों, वित्तीय लेनदेन और पैसों के प्रवाह (Money Trail) की बारीकी से कड़ियां जोड़ रही है ।इस मामले में ईडी (ED) की एंट्री के बाद अब हड़कंप मच गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कुछ बड़ी गिरफ्तारियां और संपत्तियों को कुर्क (Seize) करने जैसी सख्त कार्रवाई देखने को मिल सकती है, जिससे घोटाले की आंच कई रसूखदारों तक पहुंचेगी।
सब-रजिस्ट्रार ने की पत्र मिलने की पुष्टि
फिलहाल, इस संवेदनशील मुद्दे पर पंजाबी यूनिवर्सिटी का कोई भी प्रशासनिक अधिकारी खुलकर कुछ भी बोलने से बच रहा है। दूसरी ओर, पटियाला के सब-रजिस्ट्रार गुलाब सिंह थिंद ने ईडी का नोटिस/पत्र मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय एजेंसी द्वारा जो भी रिकॉर्ड और दस्तावेज मांगे गए हैं, उन्हें नियमानुसार तैयार करवाकर जल्द ही ईडी को सौंप दिया जाएगा।

