अभिषेक बोले- बंगाल में पुलिस की वर्दी में चोरी: मेरा ऑफिस तोड़ा, बीजेपी के गुंडे सामान उठा ले गए; केस पेंडिंग तो बुलडोजर कार्रवाई क्यों
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कोलकाता13 मिनट पहले
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TMC सांसद अभिषेक बनर्जी ने रविवार को आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में पश्चिम बंगाल पुलिस खुद कानून तोड़ने वाली बन गई है। यह बयान उन्होंने दक्षिण 24 परगना के अमतला स्थित अपने ऑफिस को तोड़े जाने के एक दिन बाद दिया।
शनिवार को जिला प्रशासन ने इमारत का अगला हिस्सा बुलडोजर से गिरा दिया था। आरोप था कि यह बिना मंजूरी बना था। इमारत तोड़ने के बाद रात का एक वीडियो अभिषेक ने सोशल मीडिया X पर शेयर किया।
अभिषेक ने आरोप लगाया कि बंगाल पुलिस बीजेपी के गुंडों के साथ मिलकर लैपटॉप, प्रिंटर, कागजात, टेबल, कुर्सियां और दूसरे फर्नीचर से भरे बक्से ले जा रही है।
यह तोड़-फोड़ नहीं थी बल्कि यह वर्दी में चोरी थी। जिसे कानून का कोई सम्मान किए बिना और हाई कोर्ट में मामला विचाराधीन होने के बावजूद अंजाम दिया गया।
18 जुलाई- ऑफिस में कार्रवाई की 3 तस्वीरें…

अभिषेक का अमतला स्थित ऑफिस बंद पड़ा था। पुलिस ने ताला खोलकर कार्रवाई की।

प्रशासन ने बिलडिंग के उस हिस्से को तोड़ा जो बिना मंजूरी के बना हुआ था।

तोड़फोड़ के बाद एसी एसी का एक हिस्सा नीचे लटक गया।
अभिषेक बनर्जी का पलटवार, 6 बातें; कहा- ये भाजपा का बुलडोजर मॉडल
- अमतला का पार्टी ऑफिस खरीदी गई जमीन पर सभी मंजूरियों के साथ कानूनी तरीके से बनाया गया था।
- इस मामले में टीएमसी कलकत्ता हाईकोर्ट जाएगी, जरूरत पड़ी तो सुप्रीम कोर्ट भी जाएगी।
- पार्टी ने CJI के OSD को वीडियो भेजे हैं, जिनमें भाजपा कार्यकर्ताओं पर तोड़फोड़ का आरोप है।
- वीडियो में दिख रहे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी, कोई नहीं बचेगा।
- अगर भाजपा नेताओं को लगता है कि वे उन्हें बचा लेंगे, तो वे गलत हैं। कानून का हाथ बहुत लंबा है।
- चुनाव से पहले अन्नपूर्णा भंडार योजना थी, अब बुलडोजर मॉडल है। यही भाजपा का असली मॉडल है।
प्रशासन बोला- दो नोटिस का जवाब नहीं मिला, फिर कार्रवाई
प्रशासन के अनुसार, इस ऑफिस के खिलाफ अवैध निर्माण की शिकायतें मिली थीं। इसके बाद 15 जुलाई को संबंधित लोगों को नोटिस जारी कर सुनवाई के लिए बुलाया गया था। अधिकारियों ने बताया कि दो नोटिसों का कोई जवाब नहीं मिलने के बाद प्रशासन ने आगे की कार्रवाई का फैसला लिया।
नोटिस के मुताबिक, जिस जमीन पर यह ऑफिस बना है, वह कथित तौर पर ‘लीप्स एंड बाउंड्स’ नाम की कंपनी के नाम पर खरीदी गई थी। प्रशासन ने जमीन के मालिकाना हक और निर्माण से जुड़े दस्तावेजों पर स्पष्टीकरण मांगा था। फिलहाल मामला कानूनी प्रक्रिया के तहत चल रहा है।

ऑफिस की बिल्डिंग में साइड में अभिषेक बनर्जी का पोस्टर भी लगा है। यह पोस्टर हाल में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान लगाया गया था।
अमतला ऑफिस- अभिषेक का पॉवर सेंटर, हार के बाद से बंद…
- अभिषेक बनर्जी का राजनीतिक पावर सेंटर: अमतला स्थित यह ऑफिस डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र में अभिषेक बनर्जी की सबसे अहम राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र माना जाता है। यहीं से संगठन, जनसंपर्क और चुनावी रणनीति संचालित होती रही है।
- दक्षिण 24 परगना में टीएमसी का मजबूत गढ़: अमतला दक्षिण 24 परगना जिले में आता है, जो लंबे समय से टीएमसी का प्रभावशाली इलाका रहा है। इसलिए इस ऑफिस का राजनीतिक महत्व सिर्फ संसदीय कार्यालय से कहीं अधिक माना जाता है।
- अभिषेक की राजनीतिक पहचान से जुड़ा: 2014 से डायमंड हार्बर के सांसद और 2021 से टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव बनने के बाद यह ऑफिस अभिषेक बनर्जी के संगठनात्मक फैसलों और क्षेत्रीय राजनीति का प्रमुख केंद्र बन गया।
- 2026 चुनाव के बाद विवाद: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में टीएमसी की हार के बाद ऑफिस बंद बताया गया। प्रशासन का कहना है कि कथित अवैध निर्माण के नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की गई, जबकि टीएमसी इसे राजनीतिक कार्रवाई बता रही है।
- राजनीतिक टकराव का प्रतीक: 3 जुलाई को अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया था कि उनके सहयोगियों को STF और CID के जरिए परेशान किया जा रहा है। अब इसी ऑफिस पर बुलडोजर कार्रवाई होने से भाजपा सरकार और टीएमसी के बीच टकराव और तेज हो गया है।
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