शिअद नेता बंटी रोमाणा को अंतरिम जमानत: कौंसिल चुनाव में बाधा पहुंचाने के केस में गिरफ्तारी पर रोक; 9 जून को अगली सुनवाई – Faridkot News
फरीदकोट में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने नगर कौंसिल चुनाव प्रक्रिया के दौरान रिटर्निंग अधिकारी के दफ्तर में कर्मचारियों की सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने के मामले में शिरोमणि अकाली दल के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व हलका इंचार्ज परमबंस सिंह बंटी रोमाणा को बड़ी राहत देते हुए अंतरिम जमानत प्रदान कर दी है। अदालत ने इस केस में उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए उन्हें पुलिस जांच में सहयोग करने के निर्देश दिए हैं। इस मामले की अगली सुनवाई 9 जून को होगी। जानकारी के अनुसार, फरीदकोट नगर काउंसिल चुनाव प्रक्रिया के दौरान 18 मई 2026 को नामांकन पत्रों की जांच के समय रिटर्निंग अधिकारी-कम-एसडीएम कार्यालय में ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों और सुरक्षा कर्मियों को धमकाने के आरोप में बंटी रोमाणा और उनके अज्ञात साथियों के खिलाफ 21 मई 2026 को थाना सिटी फरीदकोट में मामला दर्ज किया गया था। एसडीएम की शिकायत पर दर्ज किया था केस यह केस रिटर्निंग अधिकारी कम एसडीएम की शिकायत पर दर्ज किया गया था। इस मामले में गिरफ्तारी से बचाव के लिए शिअद नेता बंटी रोमाणा ने जिला अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दायर की थी। मंगलवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश कृष्ण कांत जैन की अदालत ने याचिका पर सुनवाई करते हुए उन्हें अंतरिम जमानत दे दी। साथ ही अदालत ने पुलिस को उनकी गिरफ्तारी से फिलहाल रोकते हुए बंटी रोमाणा को जांच में पूरा सहयोग करने के निर्देश जारी किए हैं। बता दें कि नगर कौंसिल फरीदकोट के चुनावों की प्रक्रिया के दौरान 18 मई 2026 को रिटर्निंग अधिकारी के दफ्तर में उम्मीदवारों के नामांकन पत्रों की जांच की जा रही थी और वैध नामांकन पत्रों की सूची सार्वजनिक करने में देरी हो रही थी। सूची जारी करने में देरी को लेकर हुआ था विवाद शिरोमणि अकाली दल को आशंका थी कि उनकी पार्टी के उम्मीदवारों के नामांकन रद किए जा सकते हैं, जिसको लेकर रिटर्निंग अधिकारी के दफ्तर के बाहर शिअद उम्मीदवार व वर्कर एकत्रित हो गए। सूची जारी करने में देरी को लेकर वाद विवाद व कहासुनी तक हुई और बाद में प्रशासन ने बंटी रोमाणा व उनके साथियों पर केस दर्ज करवा दिया जिसमें अब अदालत ने उन्हें राहत दे दी।
Source link

