पंजाब- चंडीगढ़ में पांच दिन भारी बारिश का अलर्ट: तापमान 1.6 डिग्री बढ़ा, बिजली डिमांड 13,967 मेगावाट पहुंची, डैम खतरे के निशाने से नीचे – Mohali News

पंजाब- चंडीगढ़ में पांच दिन भारी बारिश का अलर्ट:  तापमान 1.6 डिग्री बढ़ा, बिजली डिमांड 13,967 मेगावाट पहुंची, डैम खतरे के निशाने से नीचे – Mohali News




पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम बदल गया है। रात से ही कई इलाकों में बारिश हो रही है। आज 27 जुलाई से अगले 4 दिन भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। 28 और 29 जुलाई के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है। चंडीगढ़ मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक राज्य के अधिकतम तापमान में 1.6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई है और यह अब सामान्य के करीब पहुंच गया है। सबसे अधिक 36.8 डिग्री सेल्सियस तापमान बठिंडा में दर्ज किया गया। रात तक चंडीगढ़ में 40 एमएम बारिश दर्ज की गई मौसम विभाग के मुताबिक पूरे राज्य में बारिश की संभावना है। पठानकोट, गुरदासपुर, होशियारपुर और रूपनगर में भारी बारिश, गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। वहीं पठानकोट, होशियारपुर, रूपनगर, एसएएस नगर (मोहाली), गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, नवांशहर (शहीद भगत सिंह नगर), कपूरथला, जालंधर, फिरोजपुर, मोगा, लुधियाना, बरनाला, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब, पटियाला, फाजिल्का, फरीदकोट, मुक्तसर, बठिंडा और मानसा में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। पंजाब में फिर एक्टिव होगा मानसून मौसम विभाग के डायरेक्टर सुरेंद्र पाल के मुताबिक मुताबिक राजस्थान के ऊपर बारिश लाने वाला कम दबाव का क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) बना हुआ है। इसके साथ ही उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय है। इन दोनों मौसम प्रणालियों की वजह से पंजाब और चंडीगढ़ में बादल लगातार बने रहेंगे और अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। इस दौरान पंजाब और चंडीगढ़ के कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। बिजली की डिमांड 13,967 मेगावाट पहुंची पंजाब में बिजली सप्लाई सामान्य रही। राज्य में रविवार को बिजली की मांग 13,967 मेगावाट रही। इस जरूरत को पूरा करने के लिए पंजाब के बिजलीघरों ने 4,417 मेगावाट बिजली बनाई, जबकि बाकी बिजली दूसरे स्रोतों से ली गई। हालांकि, तय मात्रा के मुकाबले 595 मेगावाट कम बिजली मिली, लेकिन इसका बिजली व्यवस्था पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ा और सप्लाई सामान्य बनी रही।

डैम खतरे के निशान से नीचे भाखड़ा डैम: भाखड़ा डैम का जलस्तर 1594 फीट पहुंच गया है। यह अभी भी खतरे के निशान (1680 फीट) से 86 फीट नीचे है। डैम में 42,712 क्यूसेक पानी आ रहा है, जबकि 25,893 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। यानी फिलहाल डैम में पानी लगातार बढ़ रहा है, लेकिन खतरे जैसी स्थिति नहीं है। पोंग डैम: पोंग डैम का जलस्तर 1330.55 फीट दर्ज किया गया। यह खतरे के निशान (1390 फीट) से करीब 59.5 फीट नीचे है। डैम में 37,370 क्यूसेक पानी की आवक हो रही है, जबकि 9,983 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। फिलहाल पोंग डैम भी सुरक्षित स्थिति में है, हालांकि लगातार बारिश के चलते जलस्तर बढ़ने पर नजर रखी जा रही है।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *