Home Bharat भारत का सबसे बड़ा प्राइवेट सैटेलाइट ‘दृष्टि’ लॉन्च: ऑप्टिकल और रडार...

भारत का सबसे बड़ा प्राइवेट सैटेलाइट ‘दृष्टि’ लॉन्च: ऑप्टिकल और रडार दोनों से फोटो ले सकता है, ऐसा करने वाला दुनिया का पहला उपग्रह

3
0
भारत का सबसे बड़ा प्राइवेट सैटेलाइट ‘दृष्टि’ लॉन्च:  ऑप्टिकल और रडार दोनों से फोटो ले सकता है, ऐसा करने वाला दुनिया का पहला उपग्रह


  • Hindi News
  • National
  • Indias First Optical & Radar Satellite Drishti Launched | PM Modi Congratulates
1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

भारतीय स्टार्टअप गैलेक्सआई ने रविवार को अमेरिकी कंपनी स्पेसएक्स के फाल्कन 9 रॉकेट से अपना पहला सैटेलाइट ‘दृष्टि’ लॉन्च किया। 190 किलो वजन के साथ दृष्टि भारत का सबसे बड़ा प्राइवेट सैटेलाइट है।

दृष्टि सैटेलाइट एक साथ ऑप्टिकल और रडार (SAR) दोनों से फोटो ले सकता है। अब तक दुनिया के सैटेलाइट या तो मल्टी-स्पेक्ट्रल/हाइपर-स्पेक्ट्रल (ऑप्टिकल) इमेज लेते थे या SAR तकनीक का इस्तेमाल करते थे।

ऑप्टिकल इमेज साफ और समझने में आसान होती हैं। SAR यानी सिंथेटिक अपर्चर रडार तकनीक बादलों, बारिश या रात में भी इमेजिंग कर सकती है। गैलेक्सआई ने टेक्नॉलजी को Opto-SAR नाम दिया है।

दृष्टि से रक्षा, खेती, डिजास्टर मैनिज्मन्ट, समुद्री निगरानी और इंफ्रास्ट्रक्चर प्लानिंग जैसे कामों में मदद करेगा। यह सैटेलाइट इसरो (ISRO) के 29 अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट्स का साथ देगा।

पीएम मोदी ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट के गैलेक्सआई को बधाई दी।

पीएम मोदी ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट के गैलेक्सआई को बधाई दी।

दृष्टि से हर मौसम में सैटेलाइट इमेजिंग होगी

कंपनी के संस्थापक सुयश सिंह के मुताबिक,पहले बेहतर जानकारी के लिए अलग-अलग सैटेलाइट का डेटा जोड़ना पड़ता था। इससे अलग-अलग समय और एंगल की तस्वीरों का मेल नहीं बैठता था। ‘दृष्टि’ एक ही समय में एक ही जगह की सटीक तस्वीर देगा।

उन्होंने बताया कि खराब मौसम में ऑप्टिकल इमेज नहीं मिलने पर कंपनी AI से SAR डेटा को ऑप्टिकल जैसी तस्वीरों में बदल सकती है। इससे हर मौसम और हर समय इमेजिंग संभव होगी।

भारत के लिए खास है दृष्टि की टेक्नोलॉजी

यह तकनीक पहले इसलिए विकसित नहीं हुई क्योंकि ज्यादातर सैटेलाइट कंपनियां पश्चिमी देशों में हैं, जहां मौसम साफ रहता है। भारत में बादलों की समस्या ज्यादा होती है, इसलिए ये समाधान तैयार किया गया है।

इस सैटेलाइट को बनाने में सबसे बड़ी चुनौती ऑप्टिकल और SAR तकनीक के बीच तालमेल बैठाना था। दोनों सेंसर अलग-अलग एंगल से धरती को देखते हैं। इसलिए कंपनी ने ऐसी टेक्नोलॉजी विकसित की, जिससे दोनों एक ही समय में एक ही लोकेशन की इमेज ले सकें।

——————————————-



Source link

    Previous articleभारत का सबसे बड़ा प्राइवेट सैटेलाइट ‘दृष्टि’ लॉन्च: ऑप्टिकल और रडार दोनों से फोटो ले सकता है, ऐसा करने वाला दुनिया का पहला उपग्रह
    Next articleBengal Fortified Ahead Of Results: DG CRPF Inspects Strongroom, 432 Counting Observers Deployed

    Leave a Reply