जंतर-मंतर प्रदर्शन में पुलिस कार्रवाई के खिलाफ तुरंत सुनवाई नहीं: CJI बोले- वीडियो देखने का वक्त नहीं, हमारा समय खराब न करें
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नई दिल्ली2 मिनट पहले
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सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया।
चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कहा, ‘हमें वीडियो देखने में कोई रुचि नहीं है। हमारे पास उन्हें देखने का समय नहीं है।’ जब वकील ने दोबारा छात्रों के साथ मारपीट और वीडियो का हवाला दिया तो CJI ने कहा, ‘हमारा और अपना समय बर्बाद मत कीजिए।’
कॉकरोच जनता पार्टी ने 20 जुलाई को संसद मार्च निकाला था। इस दौरान हजारों प्रदर्शनकारी संसद की तरफ बढ़े थे, इन्हें रोकने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया था। इसमें 100 से ज्यादा पुलिसकर्मी और छात्रों को चोटें आई थीं।

20 जुलाई को कॉकरोच जनता पार्टी ने संसद मार्च निकाला था। इस दौरान कई जगह पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई थी।
कोर्ट रूम LIVE
- याचिकाकर्ता के वकील ने कहा, ‘छात्रों की ओर से महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए जा रहे हैं। वे नीट परीक्षा सही तरीके से कराने और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी में सुधार जैसे मुद्दों की बात कर रहे हैं।’
- चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने उन्हें रोकते हुए कहा, ‘थैंक यू वैरी मच।’
- याचिकाकर्ता वकील ने कहा, पुलिस की कथित बर्बरता के वीडियो भी हैं। यदि संभव हो तो मामले की सुनवाई गुरुवार को कराई जाए, क्योंकि छात्र अभी भी प्रभावित हैं।
- इस पर सीजेआई ने कहा, ‘हमें वीडियो में दिलचस्पी नहीं है, हमारे पास देखने का समय नहीं है।’
दिल्ली हाईकोर्ट का भी तत्काल सुनवाई से इनकार
मंगलवार को ऐसा ही एक मामला दिल्ली हाईकोर्ट में भी पहुंचा था। तब दिल्ली हाईकोर्ट ने भी इसी तरह की याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया था। कहा था कि कोर्ट को इसमें न घसीटें।
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन ने कहा- छात्रों पर लाठीचार्ज की जांच हो
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन ने छात्र प्रदर्शन के दौरान निर्दोष छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की है। एसोसिएशन ने कहा कि इस कार्रवाई में कई छात्रों को गंभीर चोटें आई हैं।
बार एसोसिएशन ने संबंधित अधिकारियों से घटना की तत्काल, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराने की मांग की है। साथ ही कहा है कि अत्यधिक बल प्रयोग के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान कर कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाए।
CJI के बयान से जन्मी कॉकरोच जनता पार्टी
कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत मई 2026 में CJI सूर्यकांत की एक टिप्पणी के बाद हुई थी। इसे सोशल मीडिया पर बनाया गया। देखते ही देखते लाखों फॉलोअर्स बढ़ गए।
दरअसल, सुप्रीम कोर्ट की एक बेंच 15 जनवरी को वकील संजय दुबे की दिल्ली हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिकाकर्ता सीनियर वकील का दर्जा पाना चाहता था।
जस्टिस बागची ने सवाल किया कि क्या सीनियर एडवोकेट का टैग सिर्फ एक स्टेटस सिंबल है या न्याय व्यवस्था में भागीदारी का एक जरिया। CJI सूर्यकांत ने तब कहा था,
कॉकरोच की तरह बहुत से युवा ऐसे हैं, जिन्हें इस पेशे में रोजगार नहीं मिल रहा है। वे सोशल मीडिया और RTI एक्टिविज्म बन रहे हैं। हजारों लोग ऐसे हैं जो काले चोगे पहनकर घूम रहे हैं, लेकिन उनकी डिग्रियों पर गंभीर संदेह है।
बेंच ने यह भी कहा था कि दुनिया में हर कोई सीनियर बनने के योग्य हो सकता है, लेकिन याचिकाकर्ता इसके हकदार नहीं हैं। अगर उन्हें दिल्ली हाईकोर्ट ने सीनियर एडवोकेट बना भी दिया, तो सुप्रीम कोर्ट उनके व्यवहार को देखते हुए उस फैसले को रद्द कर देगा।
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